Q. संगम युग में उरैयूर किसलिए विख्यात था ?
✅ Correct Answer: (B)
कपास के व्यापार का महत्वपूर्ण केन्द्र
Explanation:
उरैयूर (Uraiyur) संगम युग में चोल साम्राज्य की प्रारंभिक राजधानी थी और यह विशेष रूप से कपास के व्यापार के लिए प्रसिद्ध था।
- इसे "कोडुमलाई नागर" (Kodumudi Nagar) भी कहा जाता था।
- संगम साहित्य में उरैयूर को बेहद उच्च गुणवत्ता वाले सूती वस्त्रों के उत्पादन और व्यापार के लिए उल्लेखित किया गया है।
- यह तमिलनाडु में स्थित एक महत्वपूर्ण व्यापारिक और सांस्कृतिक केंद्र था।
अन्य विकल्पों का विश्लेषण:
- (A) मसालों के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र – यह गलत है, क्योंकि मसालों का व्यापार मुख्य रूप से मलाबार तट (केरल) से किया जाता था।
- (C) विदेशी व्यापार का महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र – विदेशी व्यापार का प्रमुख केंद्र पुहार (कावेरीपट्टिनम) था, न कि उरैयूर।
- (D) आंतरिक व्यापार का महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र – उरैयूर निश्चित रूप से एक व्यापारिक केंद्र था, लेकिन इसकी पहचान कपास के व्यापार से थी।
निष्कर्ष:
संगम युग में उरैयूर कपास के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र था, इसलिए सही उत्तर (B) कपास के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र है।
Explanation by: Official MCQ Buddy
उरैयूर (Uraiyur) संगम युग में चोल साम्राज्य की प्रारंभिक राजधानी थी और यह विशेष रूप से कपास के व्यापार के लिए प्रसिद्ध था।
- इसे "कोडुमलाई नागर" (Kodumudi Nagar) भी कहा जाता था।
- संगम साहित्य में उरैयूर को बेहद उच्च गुणवत्ता वाले सूती वस्त्रों के उत्पादन और व्यापार के लिए उल्लेखित किया गया है।
- यह तमिलनाडु में स्थित एक महत्वपूर्ण व्यापारिक और सांस्कृतिक केंद्र था।
अन्य विकल्पों का विश्लेषण:
- (A) मसालों के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र – यह गलत है, क्योंकि मसालों का व्यापार मुख्य रूप से मलाबार तट (केरल) से किया जाता था।
- (C) विदेशी व्यापार का महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र – विदेशी व्यापार का प्रमुख केंद्र पुहार (कावेरीपट्टिनम) था, न कि उरैयूर।
- (D) आंतरिक व्यापार का महत्वपूर्ण व्यापारिक केंद्र – उरैयूर निश्चित रूप से एक व्यापारिक केंद्र था, लेकिन इसकी पहचान कपास के व्यापार से थी।
निष्कर्ष:
संगम युग में उरैयूर कपास के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र था, इसलिए सही उत्तर (B) कपास के व्यापार का महत्वपूर्ण केंद्र है।