Q. “यातना की भी एक निश्चित सीमा होती है। यातना बुद्धिमत्ता भी हो सकती है और मूर्खता भी और जब आप सीमा पर पहुँच जायें तो उसके आगे यातना सहना केवल मूर्खता है।“ यह कथन किस महापुरुष का है?
✅ Correct Answer: (D)
महात्मा गाँधी
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