Q. वेदों की संख्या कितनी है ?
✅ Correct Answer: (B)
4
Explanation: चार वेद और उनका विवरण:
1. ऋग्वेद – सबसे प्राचीन वेद, जिसमें भजन, स्तुति और मंत्र संकलित हैं।
2. यजुर्वेद – यज्ञों और अनुष्ठानों से संबंधित विधियों का वर्णन करता है।
3. सामवेद – इसमें संगीत और मंत्रों का संकलन है, इसे भारतीय संगीत का आधार माना जाता है।
4. अथर्ववेद – इसमें जादू-टोना, चिकित्सा, सामाजिक नियमों और नीतियों का उल्लेख है।
महत्व:
वेदों को हिंदू धर्म के सबसे प्राचीन ग्रंथ माना जाता है, और इन्हें "अपौरुषेय" (ईश्वर द्वारा निर्मित) तथा "श्रुति" (श्रवण परंपरा से प्राप्त) कहा जाता है।
Explanation by: Mr. Dubey
चार वेद और उनका विवरण:
1. ऋग्वेद – सबसे प्राचीन वेद, जिसमें भजन, स्तुति और मंत्र संकलित हैं।
2. यजुर्वेद – यज्ञों और अनुष्ठानों से संबंधित विधियों का वर्णन करता है।
3. सामवेद – इसमें संगीत और मंत्रों का संकलन है, इसे भारतीय संगीत का आधार माना जाता है।
4. अथर्ववेद – इसमें जादू-टोना, चिकित्सा, सामाजिक नियमों और नीतियों का उल्लेख है।
महत्व:
वेदों को हिंदू धर्म के सबसे प्राचीन ग्रंथ माना जाता है, और इन्हें "अपौरुषेय" (ईश्वर द्वारा निर्मित) तथा "श्रुति" (श्रवण परंपरा से प्राप्त) कहा जाता है।
1. ऋग्वेद – सबसे प्राचीन वेद, जिसमें भजन, स्तुति और मंत्र संकलित हैं।
2. यजुर्वेद – यज्ञों और अनुष्ठानों से संबंधित विधियों का वर्णन करता है।
3. सामवेद – इसमें संगीत और मंत्रों का संकलन है, इसे भारतीय संगीत का आधार माना जाता है।
4. अथर्ववेद – इसमें जादू-टोना, चिकित्सा, सामाजिक नियमों और नीतियों का उल्लेख है।
महत्व:
वेदों को हिंदू धर्म के सबसे प्राचीन ग्रंथ माना जाता है, और इन्हें "अपौरुषेय" (ईश्वर द्वारा निर्मित) तथा "श्रुति" (श्रवण परंपरा से प्राप्त) कहा जाता है।