Q. कन्नौज को सर्वप्रथम महत्ता प्रदान करनेवाले थे ?
Explanation:
मौखरि वंश ने सबसे पहले कन्नौज को राजनीतिक और प्रशासनिक केंद्र के रूप में महत्व प्रदान किया।
- कन्नौज (प्राचीन नाम: कण्यकुब्ज) एक प्रमुख नगर था, लेकिन मौखरियों के शासन काल में इसे राजधानी बनाकर पहली बार विशिष्ट राजनीतिक स्थिति दी गई।
- मौखरियों के प्रमुख शासक ईशानवर्मन और उनके पुत्र शर्ववर्मन ने कन्नौज को सुदृढ़ किया और इस क्षेत्र में अपना प्रभुत्व स्थापित किया।
- बाद में हर्षवर्धन (जो मौखरियों के दामाद और पुष्यभूति वंश से थे) ने भी कन्नौज को अपनी राजधानी बनाया, जिससे यह और अधिक प्रसिद्ध हुआ।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं:
(A) मौर्य:
मौर्य काल में कन्नौज का कोई विशेष महत्त्व नहीं था। उनकी राजधानी पाटलिपुत्र थी।
(B) कुषाण:
कुषाणों की राजधानी पुरुषपुर (अब पेशावर) और मथुरा थी, कन्नौज नहीं।
(D) गुप्त:
गुप्तों के समय में कन्नौज उल्लेखनीय नगर तो था, लेकिन उसे विशेष महत्त्व नहीं दिया गया; उनकी राजधानी पाटलिपुत्र या उज्जैन मानी जाती है।
निष्कर्ष:
मौखरि वंश ने सर्वप्रथम कन्नौज को राजनीतिक और ऐतिहासिक दृष्टि से महत्त्वपूर्ण बनाया, इसलिए सही उत्तर है — (C) मौखरि।
Explanation by: Mr. Dubey
मौखरि वंश ने सबसे पहले कन्नौज को राजनीतिक और प्रशासनिक केंद्र के रूप में महत्व प्रदान किया।
- कन्नौज (प्राचीन नाम: कण्यकुब्ज) एक प्रमुख नगर था, लेकिन मौखरियों के शासन काल में इसे राजधानी बनाकर पहली बार विशिष्ट राजनीतिक स्थिति दी गई।
- मौखरियों के प्रमुख शासक ईशानवर्मन और उनके पुत्र शर्ववर्मन ने कन्नौज को सुदृढ़ किया और इस क्षेत्र में अपना प्रभुत्व स्थापित किया।
- बाद में हर्षवर्धन (जो मौखरियों के दामाद और पुष्यभूति वंश से थे) ने भी कन्नौज को अपनी राजधानी बनाया, जिससे यह और अधिक प्रसिद्ध हुआ।
अन्य विकल्प क्यों गलत हैं:
(A) मौर्य:
मौर्य काल में कन्नौज का कोई विशेष महत्त्व नहीं था। उनकी राजधानी पाटलिपुत्र थी।
(B) कुषाण:
कुषाणों की राजधानी पुरुषपुर (अब पेशावर) और मथुरा थी, कन्नौज नहीं।
(D) गुप्त:
गुप्तों के समय में कन्नौज उल्लेखनीय नगर तो था, लेकिन उसे विशेष महत्त्व नहीं दिया गया; उनकी राजधानी पाटलिपुत्र या उज्जैन मानी जाती है।
निष्कर्ष:
मौखरि वंश ने सर्वप्रथम कन्नौज को राजनीतिक और ऐतिहासिक दृष्टि से महत्त्वपूर्ण बनाया, इसलिए सही उत्तर है — (C) मौखरि।