Q. कलामंडलम रमनकुट्टी नायर को निम्नलिखित में से किस वर्ष कथकली में उनके योगदान के लिए संगीत नाटक अकादमी फैलोशिप प्राप्त हुई?
✅ Correct Answer: (D)
2004
Explanation: कलामंडलम रमनकुट्टी नायर एक प्रसिद्ध कथकली कलाकार थे, जिन्हें उनकी उत्कृष्ट कला और योगदान के लिए कई सम्मान मिले।
उन्हें 2009 में कथकली में उनके योगदान के लिए संगीत नाटक अकादमी फैलोशिप (अकादमी रत्न) प्रदान की गई।
वह कथकली के "कथिवु" (संवाद-प्रदर्शन) और "तांडव" में विशेष रूप से निपुण थे।
उन्होंने केरल कलामंडलम में एक शिक्षक और कलाकार के रूप में भी सेवा दी।
उन्हें पद्म भूषण (2010) और कई अन्य पुरस्कार भी मिले।
Explanation by: Indresh Gehalot
कलामंडलम रमनकुट्टी नायर एक प्रसिद्ध कथकली कलाकार थे, जिन्हें उनकी उत्कृष्ट कला और योगदान के लिए कई सम्मान मिले।
उन्हें 2009 में कथकली में उनके योगदान के लिए संगीत नाटक अकादमी फैलोशिप (अकादमी रत्न) प्रदान की गई।
वह कथकली के "कथिवु" (संवाद-प्रदर्शन) और "तांडव" में विशेष रूप से निपुण थे।
उन्होंने केरल कलामंडलम में एक शिक्षक और कलाकार के रूप में भी सेवा दी।
उन्हें पद्म भूषण (2010) और कई अन्य पुरस्कार भी मिले।
उन्हें 2009 में कथकली में उनके योगदान के लिए संगीत नाटक अकादमी फैलोशिप (अकादमी रत्न) प्रदान की गई।
वह कथकली के "कथिवु" (संवाद-प्रदर्शन) और "तांडव" में विशेष रूप से निपुण थे।
उन्होंने केरल कलामंडलम में एक शिक्षक और कलाकार के रूप में भी सेवा दी।
उन्हें पद्म भूषण (2010) और कई अन्य पुरस्कार भी मिले।